


मौजी जीयरा एसोसिएशन के तत्वाधान में 24 12 2025 को चुनार उग्र पुस्तकालय में पांडे बेचन शर्मा उग्र जयंती वह मास्टर चुनरी लाल कीमौजी जीयरा एसोसिएशन के तत्वाधान में 24 12 2025 को चुनार उग्र पुस्तकालय में पांडे बेचन शर्मा उग्र जयंती वह मास्टर चुनरी लाल की पुण्यतिथि मनाई गई जिसमें मुख्य अतिथि डॉ विजय मौर्य चिकित्सा अधिकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चुनार विशिष्ट अतिथि मेजर कृपा शंकर सिंह अध्यक्ष गणेश पांडे व प्रवक्ता आनंद किशोर पांडे, शरद कुशवाहा ने उग्र और चुनरी लाल जी पर प्रकाश डाला संचालन सुरेंद्र मिश्र “अंकुर” जी ने की सरस्वती वंदना कैलाशपति त्रिपाठी जी ने की गई पुण्यतिथि मनाई गई जिसमें मुख्य अतिथि डॉ विजय मौर्य चिकित्सा अधिकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चुनार विशिष्ट अतिथि मेजर कृपा शंकर सिंह अध्यक्ष गणेश पांडे व प्रवक्ता नन्द किशोर पांडे, शरद कुशवाहा ने उग्र और चुनरी लाल जी पर प्रकाश डाला संचालन सुरेंद्र मिश्र “अंकुर” जी ने की सरस्वती वंदना कैलाशपति त्रिपाठी जी ने की गई
१संजय “उमंग “विकास के आड़ में जंगल पहाड़ क्यों काटे जाते हैं, पशु पक्षियों के आशियाने क्यों उजाड़े जाते हैं
२राजकुमार “राजन “उग्र की उग्रता उजागर है
३कैलाशपति त्रिपाठी जहां में ढूंढ लूं कहीं कोई शहर होगा, यह नैनागढ़ की धरती है यहां भगवान बनते हैं
४आदित्य पदयात्री हम उनकी मुलाकातों के लम्हे याद करते हैं,वो नहीं है फिर भी उनको याद करते हैं
५शीतला प्रसाद “गौरव”मां की ममता का मोल न कोई ,उनके चरणों में चारों धाम है
६माखनलाल “झटपट” जाने कब और कहां चल जाला मानव , कईसे ई चंचल भायल हौ
७बी प्रसाद साहब जो बीत गई सो बीत गई ना ऐसी रीत यहां ,बरबस यादें जिंदा है बस ऐसी प्रीत यहां
८_ डॉ विजय मौर्य यूं तो हर साल ही साल बदलता है ,यह तो अब बदल गया मगर क्या बदला तुम्हारा ९ अनवर अली “अनवर” ले ल बथुआ क साग ,लेल बथुआ क साग
१०_ श्री जी गुप्ता प्यारी जग से न्यारी मां ,खुशियां देती सारी मां ११सुरेंद्र मिश्र “अंकुर” एक चुनारी लाल जी, दूजे उग्र जी बेचन नाम सभी कवियों ने अपने कविता से शराबोर कर दिया और इस अवसर पर आयोजक मौजी जीयरा एसोसिशन कुशवाहा दीप मौर्य मौजी जीयरा एसोसिएशन के तत्वाधान में 24 12 2025 को चुनार उग्र पुस्तकालय में पांडे बेचन शर्मा उग्र जयंती वह मास्टर चुनरी लाल कीमौजी जीयरा एसोसिएशन के तत्वाधान में 24 12 2025 को चुनार उग्र पुस्तकालय में पांडे बेचन शर्मा उग्र जयंती वह मास्टर चुनरी लाल की पुण्यतिथि मनाई गई जिसमें मुख्य अतिथि डॉ विजय मौर्य चिकित्सा अधिकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चुनार विशिष्ट अतिथि मेजर कृपा शंकर सिंह अध्यक्ष गणेश पांडे व प्रवक्ता आनंद किशोर पांडे, शरद कुशवाहा ने उग्र और चुनरी लाल जी पर प्रकाश डाला संचालन सुरेंद्र मिश्र “अंकुर” जी ने की सरस्वती वंदना कैलाशपति त्रिपाठी जी ने की गई पुण्यतिथि मनाई गई जिसमें मुख्य अतिथि डॉ विजय मौर्य चिकित्सा अधिकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चुनार विशिष्ट अतिथि मेजर कृपा शंकर सिंह अध्यक्ष गणेश पांडे व प्रवक्ता नन्द किशोर पांडे, शरद कुशवाहा ने उग्र और चुनरी लाल जी पर प्रकाश डाला संचालन सुरेंद्र मिश्र “अंकुर” जी ने की सरस्वती वंदना कैलाशपति त्रिपाठी जी ने की गई १संजय “उमंग “विकास के आड़ में जंगल पहाड़ क्यों काटे जाते हैं, पशु पक्षियों के आशियाने क्यों उजाड़े जाते हैं २राजकुमार “राजन “उग्र की उग्रता उजागर है ३कैलाशपति त्रिपाठी जहां में ढूंढ लूं कहीं कोई शहर होगा, यह नैनागढ़ की धरती है यहां भगवान बनते हैं ४आदित्य पदयात्री हम उनकी मुलाकातों के लम्हे याद करते हैं,वो नहीं है फिर भी उनको याद करते हैं ५शीतला प्रसाद “गौरव”मां की ममता का मोल न कोई ,उनके चरणों में चारों धाम है ६माखनलाल “झटपट”_ जाने कब और कहां चल जाला मानव , कईसे ई चंचल भायल हौ
७बी प्रसाद साहब जो बीत गई सो बीत गई ना ऐसी रीत यहां ,बरबस यादें जिंदा है बस ऐसी प्रीत यहां
८_ डॉ विजय मौर्य यूं तो हर साल ही साल बदलता है ,यह तो अब बदल गया मगर क्या बदला तुम्हारा ९ अनवर अली “अनवर” ले ल बथुआ क साग ,लेल बथुआ क साग
१०_ श्री जी गुप्ता प्यारी जग से न्यारी मां ,खुशियां देती सारी मां ११सुरेंद्र मिश्र “अंकुर” _एक चुनारी लाल जी, दूजे उग्र जी बेचन नाम
सभी कवियों ने अपने कविता से शराबोर कर दिया
और इस अवसर पर आयोजक मौजी जीयरा एसोसिशन कुशवाहा दीप मौर्य और चंद्रशेखर (वंदना पैथोलॉजी )के द्वारा डायरी और कलम सबको भेंट किया गया भाजपा के नगर अध्यक्ष चंद्रहास गुप्ता ,भोलानाथ भी उपस्थित रहे भी उपस्थित रहे