कोलना में 1932 से चल रही ऐतिहासिक दंगल प्रतियोगिता हुई संपन्न।


कोलना में 1932 से चल रही ऐतिहासिक दंगल प्रतियोगिता हुई संपन्न।
विशाल दंगल प्रतियोगिता कोलना में पहलवान नेहा यादव का नहीं मिला जोड़।
चुनार/मिर्जापुर। विगत वर्षों की भांति इस वर्ष भी कोलना न्याय पंचायत के कोलना चुनार मिर्जापुर में 1932 से निरंतर चल रही विशाल दंगल प्रतियोगिता का आयोजन इस वर्ष भी बड़े हीं धूमधाम से किया गया जिसमें प्रतियोगिता मंडल आयोजकों द्वारा कई जनपदों से आए हुए पहलवानों एवं उस्तादों का सुंदर साफा एवं पुष्प हार से जोरदार स्वागत किया गया। इस अखाड़े पर नन्हे मुन्ने बच्चे सहित जूनियर वर्ग, सीनियर वर्ग कई पहलवान प्रतियोगिता में हिस्सा लेकर अपनी अपनी प्रतिभा को दिखाए। वहीं पर बता दें कि मिर्जापुर, सोनभद्र, वाराणसी, गोरखपुर सहित कई जनपदों से ए वरिष्ठ पहलवान इस दंगल प्रतियोगिता में शामिल होकर अपनी अपनी प्रतिभा को दर्शकों के सामने बिखरते हुए जीत हासिल किये। विशाल दंगल प्रतियोगिता कमेटी के आयोजकों द्वारा भी आए हुए अतिथियों का जोरदार स्वागत किया गया। वहीं पर बता दे कि इस विशाल दंगल प्रतियोगिता में महिला पहलवान गोल्ड मेडल प्राप्त नेहा यादव का कोई जोड़ मिला नहीं, जिससे नेहा यादव को कमेटी द्वारा जोरदार स्वागत करते हुए उनका उत्साहवर्धन बढ़ाया गया। महिला पहलवान नेहा नरोत्तमपुर वाराणसी अखाड़े से हैं इनके उस्ताद वासुदेव पहलवान है जो कृष्ण मुरारी पहलवान , फर्रेश पहलवान मिर्जापुर केसरी जैसे कई पहलवान के साथ दंगल प्रतियोगिता में प्रतिभाग कर चुके हैं। वहीं पर कमेटी के योद्धा अवधेश सिंह, डॉक्टर चंद्रमणि सिंह, बडेलाल सहित अन्य सम्मानित जनमानस मौजूद होकर बड़े हीं सुगमता और ईमानदारी पूर्वक हर साल दंगल प्रतियोगिता करवाते हैं। यह प्रतियोगिता एक क्षेत्रीय मेला की तरह भी प्रसिद्ध है क्योंकि दशहरा के उपलक्ष में ग्राम सभा कोलना में ऐतिहासिक नाट्य मंचन भी किया जाता है जो सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त मंचन है इस मौके पर दंगल प्रतियोगिता को देखने के लिए सैकड़ो जनमानस मौजूद होकर दंगल प्रतियोगिता का आनंद लेते हैं और साथ ही नन्हे मुन्ने बच्चे मेले का आनंद लेते हैं और रात में नाट्य समिति मंच कोलना का ऐतिहासिक मंचन का आनंद लेते हैं। वहीं पर कार्यक्रम के कुशल संचालक फणिंद्र श्रीवास्तव ने अपने शब्दों की जादू से विशाल दंगल प्रतियोगिता में आए हुए दर्शकों का जोरदार उत्साह वर्धन करते हुए दंगल प्रतियोगिता में प्रतिभा करने वाले पहलवान का भी उत्साह बढ़ाते रहे।