5-6 महीने से अधूरी सड़क, भीषण गर्मी में भक्तों का निकलना हुआ दूभर धार्मिक स्थल की बदहाली ने खोली विकास के दावों की पोल

5-6 महीने से अधूरी सड़क, भीषण गर्मी में भक्तों का निकलना हुआ दूभर धार्मिक स्थल की बदहाली ने खोली विकास के दावों की पोल
सीखड़,मिर्जापुर। पूर्वांचल की प्रसिद्ध आस्था स्थली बड़ी शीतला धाम जाने वाले श्रद्धालुओं को इन दिनों भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।अदलपुरा से बड़ी शीतला माता धाम तक जाने वाली मुख्य सड़क पिछले करीब 5 से 6 महीनों से अधूरी पड़ी हुई है। सड़क को खोदकर उस पर रोड़ा और गिट्टी डाल दी गई, लेकिन निर्माण कार्य बीच में ही रोक दिया गया। इसके बाद से श्रद्धालु धूल, गड्ढों और उबड़-खाबड़ रास्ते के बीच जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर हैं।
इन दिनों पड़ रही भीषण गर्मी और लू ने श्रद्धालुओं की परेशानी को और बढ़ा दिया है। दोपहर में सड़क पर उड़ रही धूल और पत्थरों की वजह से लोगों का पैदल चलना तक मुश्किल हो रहा है। बाइक और चार पहिया वाहन भी फिसल रहे हैं। कई श्रद्धालुओं ने बताया कि रास्ते में छोटे बच्चे, बुजुर्ग और महिलाएं सबसे ज्यादा परेशान हो रही हैं।बड़ी शीतला धाम में हर दिन मिर्जापुर, वाराणसी, भदोही, प्रयागराज, सोनभद्र, चंदौली समेत पूर्वांचल के कई जिलों से हजारों श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए पहुंचते हैं।धार्मिक महत्व के इस प्रमुख मार्ग की ऐसी हालत देखकर श्रद्धालुओं में भारी नाराजगी है। लोगों का कहना है कि सड़क निर्माण के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की गई और महीनों से काम बंद पड़ा है।स्थानीय लोगों का आरोप है कि सड़क निर्माण शुरू होने के बाद उम्मीद जगी थी कि धाम तक जाने वाला रास्ता बेहतर होगा, लेकिन कुछ दिन काम कराने के बाद सड़क को अधूरा छोड़ दिया गया। अब हालात यह हैं कि पूरे रास्ते में धूल का गुबार उड़ता रहता है और राहगीरों को सांस लेने तक में दिक्कत हो रही है।श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों में प्रशासन और संबंधित विभाग के खिलाफ गहरा आक्रोश देखने को मिल रहा है। लोगों का कहना है कि जब इतने बड़े धार्मिक स्थल पर हर दिन हजारों लोगों की आवाजाही होती है तो फिर सड़क निर्माण में इतनी लापरवाही क्यों बरती जा रही है। कई लोगों ने आरोप लगाया कि जिम्मेदार अधिकारी सिर्फ कागजों में विकास दिखाने में व्यस्त हैं, जबकि जमीनी हकीकत पूरी तरह अलग है।सड़क की खराब हालत के कारण दुर्घटना का खतरा भी लगातार बना हुआ है। रात के समय रास्ते में रोड़े और गड्ढे साफ दिखाई नहीं देते, जिससे हादसे होने की आशंका बढ़ गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर जल्द सड़क निर्माण पूरा नहीं कराया गया तो कोई बड़ा हादसा हो सकता है।श्रद्धालुओं ने प्रशासन से तत्काल सड़क निर्माण पूरा कराने की मांग की है।